निदेशक चैंबर

प्रिय पाठक,

अभिवादन,

डॉ. सुनील विलासराव गिट्टे
डॉ सुनिल विलासराव गिते, एमबीबीएस, एमडी (पीएसएम), डीएचए, निदेशक एनआईपीएचटीआर

परिवार कल्याण प्रशिक्षण एवं अनुसंधान केंद्र को स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय,भारत सरकार के तहत वर्ष 1957 में स्थापित पहला परिवार नियोजन और प्रशिक्षण केंद्र होने का सौभाग्य प्राप्त हुआ|

इन वर्षों में, केंद्र गुणवत्ता प्रशिक्षण, अनुसंधान और शैक्षिक गतिविधियों को शुरू करके,देश में स्वास्थ्य देखभाल सेवाओं के बेहतर वितरण में योगदान देने वाले एक प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित हुआ है|

वर्ष 2019 के दौरान, संस्थान को राष्ट्रीय जन स्वास्थ्य प्रशिक्षण एवं अनुसंधान संस्थान (एनआईपीएचटीआर) के रूप में उन्नत किया, इस प्रकार विभिन्न पाठ्यक्रमों और अन्य गतिविधियों का भी विस्तार किया गया| संस्थान ने बेहतर बुनियादे ढांचे और सुविधाओं के साथ न्यू पनवेल कैंपस,नवी मुंबई में एक नया परिसर शुरू करके सार्वजनिक स्वास्थ्य प्रशिक्षण में अपने दायरे का विस्तार किया है|

पिछले 3 से 4 वर्षों से संस्थान ने नए प्रशिक्षण पाठ्यक्रमों (एमपीएच और पीजीडीएचएम) के साथ कई गतिविधियां शुरू की जैसे संगोष्ठी, सीएमई,राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्वास्थ्य दिवसों का पालन और स्थानिक देशों की यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए पीत ज्वर टीकाकरण केंद्र खोलने में भी सक्रिय भाग लिया | कौशल विकास, कौशल अंतराल की पहचान करने और उन्हें कौशल प्रशिक्षण और रोज़गार लाभ प्रदान करने की प्रक्रिया है संस्थान में स्वच्छता स्वास्थ्य निरीक्षक (सैनेटरी हेल्थ इंस्पेक्टर),मधुमेह शिक्षक (डायबीटीज़ एज्युकेटर), गृह स्वास्थ्य सहायता(होम हेल्थ ऐड), सामान्य कर्तव्य सहायता (जनरल ड्यूटी असिस्टेंट) और प्रथम प्रतिक्रिया (फर्स्ट रिस्पोंडर) जैसे कौशल विकास कार्यक्रम भी शुरू किए गए हैं|

संस्थान की उपलब्धियाँ और योगदान इसके संस्थापकों द्वारा संस्थान से जुडी प्रमुख स्थिति के अनुरूप है| संस्थान द्वारा प्रस्तुत पाठ्यक्रमों की सूची दर्शाती है कि, संस्थान सार्वजनिक स्वास्थ्य मुद्दे पर समग्र दृष्टिकोण का पालन कर रहा है| राज्यों/संघ राज्य क्षेत्रों के समन्वय से विभिन्न श्रेणियों और स्वास्थ्य बल के लिए नियमित रूप से कई लघु पाठ्यक्रम, प्रशिक्षण कार्यक्रम भी संचालित किये जाते हैं|

मुझे विशवास है कि सार्वजनिक स्वास्थ्य के क्षेत्र में सक्षम कार्यबल और मेधावी छात्रों के प्रयासों से आने वाले दिनों में एनआईपीएचटीआर और अधिक गौरव हासिल करेगा|

सादर,
डॉ सुनिल विलासराव गिते, एमबीबीएस, एमडी (पीएसएम), डीएचए