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परिचय

National Institute of Public Health Trainning and Research
NIPHTR Mumbai

राष्‍ट्रीय जन स्‍वास्‍थ्‍य प्रशिक्षण एवं अनुसंधान संस्‍थान (रा.ज.स्‍वा.प्र. एवं अनु.सं.), मुंबई, स्‍वास्‍थ्‍य और परिवार कल्‍याण मंत्रालय के अधीन ''पारेख हॉस्पिटल'' भवन, 332, एस. वी. पी. रोड, खेतवाड़ी, मुंबई - 4, में जून 1957 में स्‍थापित पहला परिवार नियोजन प्रशिक्षण केंद्र था। यह केंद्रीय प्रशिक्षण संस्‍थानों (सी. टी. आई.) में से एक है, जो प्रमुख स्‍वास्‍थ्‍य क्षेत्रों में आयुर्विज्ञान/चिकित्‍सा और पराचिकित्‍सा कार्मिकों के लिए सेवारत प्रशिक्षण कार्यक्रमों का आयोजन करता है ताकि स्‍वास्‍थ्‍य परिचर्या सेवाओं की बेहतर प्रदायगी के लिए उनके ज्ञान एवं कौशलों को बढ़ाया जा सके।

ये प्रशिक्षण देशभर में केंद्र सरकार, राज्‍य सरकार और जिला स्‍तरीय स्‍वास्‍थ्‍य कार्मिकों के लिए आयोजित किए जाते हैं। केंद्र व संस्‍थान को प्रतिरक्षा, संचार, आदि जैसे विशेषीकृत प्रशिक्षणों के लिए एक सहयोगात्‍मक (collaborating) संस्‍थान के रूप में अभिज्ञात किया गया है।

रा.ज.स्‍वा.प्र. एवं अनु.सं. अल्‍पावधिक पाठ्यक्रमों के आयोजन के लिए एक अग्रणी संस्‍थान है और उसने पराचिकित्‍सा कार्यबल, जैसे कि बहुआयामी कार्यकर्ता, सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य मार्गदर्शक, एनएनएम, ब्‍लॉक विस्‍तार शिक्षक योजनाएं और आरसीएच के लिए पाठ्य-वस्‍तु विकसित की है।

स्‍वास्‍थ्‍य और परिवार कल्‍याण मंत्रालय की योजना ''स्‍वास्‍थ्‍य शिक्षा विशेषज्ञों और पराचिकित्‍सा कार्यकर्ताओं के प्रशिक्षण के लिए राष्‍ट्रीय प्रशिक्षित स्‍वास्‍थ्‍य जनशक्ति का विकास'' के तहत सन् 1987 में स्‍वास्‍थ्‍य शिक्षा (डीएचई) में एक एकवर्षीय डिप्‍लोमा प्रारंभ किया गया था। तत्‍पश्‍चात, विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) की अनुशंसा के बाद वर्ष 2000 में इस पाठ्यक्रम का नाम बदलकर स्‍वास्‍थ्‍य संवर्धन शिक्षा डिप्‍लोमा (डीएचपीई) किया गया था।

राष्‍ट्रीय स्‍वास्‍थ्‍य नीति 2002 की सिफारिशों के अनुसार और एनआरएचएम के प्रारंभ के उपरांत, आधारभूत स्‍तर पर एक एकीकृत रूप में गुणवत्तात्‍मक स्‍वास्‍थ्‍य परिचर्या सेवाएं उपलब्‍ध कराने हेतु कुशल जनशक्ति विकसित करने के लिए वर्ष 2007 में स्‍नातकोत्तर सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य परिचर्या डिप्‍लोमा (पीजीडीसीएचसी) प्रारंभ किया गया। इस पाठ्यक्रम का आशय स्‍वास्‍थ्‍य परिचर्या सेवाओं की बेहतर प्रदायगी के लिए स्‍नातक प्रतिभागियों में प्रबंधकीय कौशल विकसित करना है।

ये दानों पाठ्यक्रम अंतर्राष्‍ट्रीय जनसंख्‍या विज्ञान संस्‍थान (आईआईपीएस), मुंबई, जो स्‍वास्‍थ्‍य और परिवार कल्‍याण मंत्रालय, भारत सरकार के तहत एक मानद विश्‍वविद्यालय है, से संबद्ध है।

रा.ज.स्‍वा.प्र. एवं अनु.सं. वैश्विक और राष्‍ट्रीय स्‍तर पर बदलते परिदृश्‍य की आवश्‍यकता के अनुसार अपनी प्रशिक्षण गतिविधियां विकसित करता है। इस संबंध में, सेनिटरी निरीक्षकों, मधुमेह शिक्षक, गृह स्‍वास्‍थ्‍य सहायक, सामान्‍य ड्यूटी सहायक, फर्स्‍ट रिस्‍पोंडर के लिए कौशल आधारित प्रशिक्षण प्रारंभ किए गए हैं।